गम्हरिया। इंडो डेनिश टूल रूम (आईडीटीआर) में स्किल डेवलपमेंट आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। मुख्य अतिथि जीआरएसई के जीएम (एचआर एंड एडमिन) राजीव श्रीवास्तव ने कहा कि वर्तमान समय में तकनीकी ज्ञान से चुनौतियों का सामना कर सकते हैं। कहा कि डिग्री से अधिक हुनर जरूरी है। आपकी पहचान आपकी स्किल है। हुनर होगा तो सफलता खुद आपके पीछे आएगी। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में कुशल मैनपावर की काफी मांग है। श्रीवास्तव ने आईडीटीआर की सराहना करते हुए कहा कि यह संस्थान युवाओं को हुनर देकर उनके भविष्य को संवारने का काम कर रही है। उन्होंने बताया कि दुनिया की शिप बिल्डिंग कंपनियों में जीआरएसई 16वें स्थान पर है और 2030 तक पांचवें स्थान पर पहुंचने का लक्ष्य रखा गया है। उन्होंने प्रशिक्षण के बाद शत-प्रतिशत प्लेसमेंट की बात भी कही। आईडीटीआर के जीएम रवींद्र कुमार ने कहा कि स्किल हासिल कर युवा नौकरी पाने के साथ अपना रोजगार भी शुरू कर सकते हैं। जीआरएसई और टीआरसीएससी के सहयोग से झारखंड के युवाओं के जीवन स्तर को बेहतर बनाने के प्रयास में आईडीटीआर पूरी भागीदारी निभाएगा। इससे पूर्व दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम की शुरूआत की गई। शाॅल ओढाकर एवं पौधा एवं मोमेंटो प्रदान कर अतिथियों का स्वागत किया गया। कार्यक्रम का संचालन आईडीटीआर के एचओडी मार्केटिंग एंड एडमीन अंजन कुंडु तथा धन्यबाद ज्ञापण एचओडी ट्रेनिंग रामबाबू बर्मा ने किया। मौके पर टीआरसीएससी के चेयरमैन तापस पाईक, सलाहकार अवतार सिंह, एचओडी अंजन कुंडु, रामबाबू वर्मा, मीडिया प्रभारी सह कार्यक्रम के कॉर्डिनेटर पंकज कुमार, अमल टुडु, टीआरसीएससी के श्री राजेश, सुबोजीत घोष की भूमिका सराहनीय रही। इस अवसर पर आईडीटीआर के इंजीनियर ज्योति रजक , प्रियंका, दशरथ महातो,राजेश, टीआरसीएससी के श्री नवीन समेत संस्था के अन्य अधिकारी एवं काफी संख्या में प्रशिक्षु उपस्थित थे।